परिचय


हरिद्वार में  हर की पैड़ी से यही कोई चार किलोमीटर दूर गंगा के पूर्वी किनारे पर स्थित है ‘चण्डीघाट’। इसी से लगे ‘नील पर्वत’ पर लगभग तीन किलोमीटर की चढ़ाई चढ़ने पर आता है यह पावन चण्डी देवी मन्दिर। इसके ठीक सामने पश्चिम में गंगा नदी के उस पार ‘विल्वक’ पर्वत पर लोगों की मनौती पूरी करने वाली ‘मनसा देवी’ का मन्दिर है।
और पढो

mahant

महंत रोहित गिरी संदेश


मन्दिर के प्रधान पुजारी महंत श्री रोहितगिरि जी कहते हैं, इस सिद्धपीठ की महिमा अपरम्पार है। माँ चण्डी देवी के इस साक्षात विग्रह के दर्शन जिसने भी कर लिए वह परम सौभाग्यशाली है। माँ इतनी ममतामयी और वात्सल्य से भरी हैं कि जिसने भी सच्चे मन से उसे पुकारा वह पलक झपकते ही उसके सारे कष्ट हर लेती है। यहाँ तक की जो श्रद्धालु विकट मजबूरीवश यहाँ नहीं पहुँच पाता, माँ उसके स्मरण मात्र से ही उसके मन की मुराद पूरी कर देती हैं।

और पढो

हमारी गैलरी